Jane Street फिर से सुर्खियों में है क्योंकि Terraform Labs की दिवालिया संपत्ति ने इस ट्रेडिंग फर्म पर मई 2022 में TerraUSD (UST) और LUNA की गिरावट से जुड़े इनसाइडर ट्रेडिंग का आरोप लगाया है।
इस मुकदमे में आरोप लगाया गया है कि Jane Street ने Terraform की liquidity withdrawals की गोपनीय जानकारी का उपयोग करके अपनी पोजीशन से बाहर निकलकर और stablecoin का $ पेग टूटने से पहले फायदा कमाया।
Terraform lawsuit से Jane Street फिर चर्चा में
शिकायत के अनुसार, Terraform ने चुपचाप करीब $150 मिलियन की liquidity Curve pools से हटा दी थी, जो UST को सपोर्ट कर रहे थे। इसके तुरंत बाद, Jane Street से जुड़े वॉलेट्स ने कथित रूप से या तो करोड़ों $ के UST निकाल लिए या बेच दिए।
Terraform का कहना है कि इन एक्शन की वजह से मार्केट का भरोसा और तेज़ी से गिरा, जिससे लगभग $40 बिलियन की वैल्यू साफ हो गई।
हालांकि, ये सभी अभी आरोप ही हैं। Jane Street ने किसी भी तरह की गड़बड़ी से इनकार किया है और कहा है कि वह अदालत में अपनी बात रखेगा। अभी तक कोर्ट ने इन दावों पर कोई फैसला नहीं सुनाया है।
बड़े क्रिप्टो फेलियर्स से जुड़ाव का इनडायरेक्ट पैटर्न
Jane Street का नाम कई अन्य बड़े क्रिप्टो कोलैप्स, जैसे FTX, के साथ भी सामने आया है। हालांकि FTX केस में इस फर्म पर किसी भी गड़बड़ी का आरोप नहीं लगाया गया है।
यह कनेक्शन असल में लोगों की वजह से है। Sam Bankman-Fried, जो FTX और Alameda Research के फाउंडर हैं, पहले Jane Street में ट्रेडर के रूप में काम कर चुके हैं। Alameda की CEO Caroline Ellison ने भी अपने करियर की शुरुआत इसी फर्म से की थी।
ये लिंक्स दर्शाते हैं कि Jane Street क्वांटिटेटिव ट्रेडर्स के लिए एक बड़ा ट्रेनिंग हब रहा है। हालांकि, कोई पुख्ता सबूत नहीं है कि Jane Street कंपनी ने FTX फ्रॉड या कोलैप्स में कोई भूमिका निभाई।
जांचकर्ताओं के मुताबिक, FTX और Alameda के लीडरशिप द्वारा इंटरनल कस्टमर फंड्स के गलत इस्तेमाल की वजह से ये कोलैप्स हुआ।
क्रिप्टो में Jane Street की मार्केट मेकर की भूमिका
Jane Street एक ग्लोबल क्वांटिटेटिव ट्रेडिंग फर्म और liquidity provider के रूप में काम करती है। ये algorithms और सांख्यिकीय मॉडल्स के जरिए स्टॉक्स, बांड्स, ETFs और तेजी से बढ़ती क्रिप्टोकरेंसीज में ट्रेड करती है।
ये फर्म खुद क्रिप्टो exchange नहीं चलाती और ना ही कोई टोकन जारी करती है। यह मार्केट मेकर के तौर पर एक्ट करती है।
मार्केट मेकर्स लगातार एसेट्स खरीदी-बिक्री करके लिक्विडिटी प्रोवाइड करते हैं, जिससे मार्केट अच्छे से चलता है।
इसी भूमिका की वजह से Jane Street कई क्रिप्टो कंपनियों के साथ ट्रेडिंग काउंटरपार्टी के रूप में इंटरैक्ट करता है। ये एक्सपोजर अक्सर इसे बड़े मार्केट इवेंट्स, जैसे कि कॉलेप्स के क़रीब ले आता है।
Jane Street 2020 से 2022 के बीच इंडस्ट्री की तेज़ ग्रोथ में सबसे बड़े क्रिप्टो मार्केट मेकर्स में से एक बन गया था। यह मेजर एक्सचेंजेस पर ट्रेड करता था और अलग-अलग क्रिप्टो एसेट्स में लिक्विडिटी प्रोवाइड करता था।
इतने बड़े स्केल की वजह से इसकी ट्रेडिंग एक्टिविटी अक्सर ब्लॉकचेन रिकॉर्ड्स और लिक्विडिटी पूल्स में दिखती रहती है। लेकिन सिर्फ दिखाई देने का मतलब ये नहीं है कि उसका कारण वही है।
रेग्युलेटर्स और कोर्ट्स ने Jane Street को किसी भी बड़े क्रिप्टो कॉलेप्स का जिम्मेदार नहीं ठहराया है। Terraform का मुकदमा पहली बार है जब कंपनी के खिलाफ किसी क्रिप्टो फेल्योर से जुड़े गलत कामों का सीधा आरोप लगा है।
कानूनी नतीजे से आगे की जांच की दिशा तय हो सकती है
Terraform केस यह क्लियर कर सकता है कि Jane Street की ट्रेडिंग एक्टिविटी ने कोई लीगल लिमिट क्रॉस की है या यह सिर्फ नॉर्मल मार्केट-मेकिंग बिहेवियर था।
इसका रिजल्ट यह भी तय कर सकता है कि कोर्ट्स डिसेंट्रलाइज्ड मार्केट्स में इनसाइडर जानकारी को कैसे समझते हैं।
फिलहाल, Jane Street क्रिप्टो में एक मजबूत लेकिन बैकग्राउंड में रहने वाला प्लेयर बना हुआ है। इसका प्रभाव इसके स्केल, टेक्निकल एक्सपर्टीज़ और लिक्विडिटी प्रोवाइड करने की भूमिका को दिखाता है — भले ही इसकी इन्वॉल्वमेंट पर सवाल उठते रहते हैं।