Kraken ने अपने प्लान किए गए IPO (इनीशियल पब्लिक ऑफरिंग) को टाल दिया है। कंपनी ने इसके पीछे बियर मार्केट कंडीशन और क्रिप्टो-लिंक्ड इक्विटीज में इन्वेस्टर्स की कम दिलचस्पी को वजह बताया है।
Kraken ने नवंबर 2025 में US लिस्टिंग के लिए कॉन्फिडेंशियल फाइलिंग की थी और उम्मीद थी कि यह 2026 की शुरुआत में पब्लिक हो जाएगा।
लेकिन हाल ही में क्रिप्टो मार्केट में आई गिरावट और ट्रेंडिंग वॉल्यूम के घटने की वजह से कंपनी ने टाइमिंग को दोबारा रीएसेस किया है।
इसी वजह से Kraken ने डिस्काउंटेड वैल्यूएशन या कमजोर डेब्यू का रिस्क लेने के बजाय IPO को डिले करने का फैसला किया है। कंपनी ने लेट-स्टेज फंडिंग में करीब $800 मिलियन जुटाए हैं, जिससे कंपनी की वैल्यू लगभग $20 बिलियन हो गई है। Kraken खुद को एक मल्टी-एसेट प्लेटफॉर्म के तौर पर पोजिशन कर चुका है, जिसमें क्रिप्टो के अलावा इक्विटी और इंस्टिट्यूशनल सर्विसेज भी शामिल हैं।
पिछले हफ्ते, NFT प्लेटफॉर्म OpenSea ने भी बियर मार्केट के कारण SEA टोकन लॉन्च की प्लानिंग को टाल दिया था।
इस बीच, Kraken के इस फैसले से साफ है कि क्रिप्टो IPO सर्कल में कूलिंग ट्रेंड देखने को मिल रहा है। 2025 में अच्छा प्रदर्शन देखने के बाद, जिसमें Circle, Bullish, Gemini, Figure और eToro जैसी कंपनियां US में पब्लिक हो चुकी थीं, अब मार्केट कंडीशन बदल चुकी है।
इन कंपनियों का फोकस फाइनेंशियल इन्फ्रास्ट्रक्चर पर है, जिसमें stablecoins, exchanges, custody और टोकनाइजेशन जैसी सर्विसेज शामिल हैं।
फिर भी, इनका पब्लिक मार्केट प्रदर्शन अभी भी क्रिप्टो प्राइस साइकिल्स से जुड़ा हुआ है।
आखिरकार, Kraken का यह डिले उसके IPO प्लान को कैंसिल नहीं करता, बल्कि दिखाता है कि अब कंपनियां ज्यादा सतर्कतापूर्वक आगे बढ़ रही हैं और स्ट्रॉन्ग क्रिप्टो मार्केट व इन्वेस्टर डिमांड का इंतजार कर रही हैं।