Uniswap का लंबे समय से प्रतीक्षित फी स्विच अब लाइव हो चुका है। हालांकि, यह UNI की लॉन्ग-टर्म वैल्यू कैप्चर को लेकर तुरंत स्पष्टता नहीं दे सका है।
शुरुआती ऑन-चेन डेटा ने इस बात पर तीखी बहस छेड़ दी है कि क्या मार्केट बहुत जल्दी निष्कर्ष निकाल रहा है, या फिर प्रोटोकॉल के बर्न मैकेनिज्म में कोई स्ट्रक्चरल लिमिटेशन सामने आ रही है।
Uniswap का Fee Switch फेल हो रहा है या मार्केट इसे गलत समझ रहा है
ऑन-चेन एनालिस्ट्स के शुरुआती अनुमान दर्शाते हैं कि Uniswap के नए एक्टिवेटेड प्रोटोकॉल फीस केवल $30,000 प्रतिदिन की हार्ड अस्ट्स कमा सकते हैं। यह आंकड़ा हालिया प्रस्तावित गवर्नेंस प्लान्स के तहत दिए गए इंसेंटिव लेवल्स से काफी कम है।
इस शुरुआती डेटा ने यह असहज सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या कम से कम शॉर्ट-टर्म में UNI की इमिशन्स फी से होने वाले बर्न से ज्यादा हो सकती हैं?
“मौजूदा स्तरों का विश्लेषण करें तो उम्मीद है कि UNI इनसेंटिव्स फी स्विच से होने वाले बर्न से ज्यादा होंगे,” एक यूज़र ने लिखा। साथ ही उन्होंने कहा कि डेटा ये सोचने पर मजबूर करता है कि अगर पिछली बार से ये फीस एक्टिव होती तो सीन कितना अलग हो सकता था।
यह चेतावनी एक डीटेल ऑन-चेन रिसर्च के बाद आई, जिसमें शुरूआती अनुमान के अनुसार केवल Ethereum प्रोटोकॉल में $95,000 प्रतिदिन की कमाई हो सकती थी, वह भी एक आशावादी सीनारियो में।
हालांकि, जब इंडिविजुअल पूल्स को डीपली एनालाइज किया गया तो, यह अनुमान बार-बार घटाया गया। एनालिस्ट ने पाया कि टॉप फी जनरेटिंग पूल्स में से कई या तो इलिक्विड थे, नए बनाए गए थे, वाइटलिस्टेड थे, या रग रिस्क के शिकार थे। मतलब, जितनी दिखाई दे रही आमदनी है, उसमें से काफी हिस्सा रियल में कैश आउट नहीं किया जा सकता।
डाउटफुल सोर्सेज को छोड़ने के बाद एनालिस्ट ने निष्कर्ष निकाला कि केवल लगभग $30,000 प्रतिदिन ही हार्ड, रियलाइज होने वाली अस्ट्स हो सकती हैं। इसे सालाना कैलकुलेट करें तो ये लगभग $22 मिलियन प्रोटोकॉल रेवेन्यू बनता है, वो भी अगर वीकडे वॉल्यूम्स और कुछ Layer-2 एक्सपेंशन को पॉजिटिव मान लें।
जब $125 मिलियन के प्रस्तावित UNI इनसेंटिव्स के मुकाबले देखें तो फीस-टू-इमिशन्स रिश्यो काफी अनुकूल नहीं दिखता।
“शुरूआती डेटा ये नहीं दिखा रहा कि फी स्विच प्रस्तावित इनसेंटिव्स को कवर करने के करीब भी होगा,” Memelord ने लिखा। उन्होंने कहा कि एसेट डाइवर्सिटी, लिक्विडिटी कंस्ट्रेंट्स, और आर्बिट्राज रिस्क की वजह से डेप्लॉयमेंट के शुरुआती फेज में वैल्यू लीकेज हो सकता है।
जल्दबाजी और भ्रामक बताकर Hayden Adams ने शुरुआती fee switch की आलोचना पर जवाब दिया
इस निष्कर्ष पर Uniswap के फाउंडर Hayden Adams ने तुरंत और जोरदार प्रतिक्रिया दी। उन्होंने इस विश्लेषण को “गलत, उतावला और भ्रामक” बताया और कहा कि आलोचक अधूरी रोलआउट से नतीजे निकाल रहे हैं।
“अभी सिर्फ कुछ ही फीस सोर्स एक्टिवेट हुए हैं,” उन्होंने कहा, साथ ही यह भी बताया कि कई पैरामीटर आगे गोवेर्नेंस प्रपोज़ल्स के ज़रिए बदले जा सकते हैं।
Adams ने शुरुआती UNI बर्न्स की इंटरप्रेटेशन को भी गलत ठहराया। उन्होंने बताया कि प्रोटोकॉल का टोकन जार मैकेनिज़्म अभी तक एफिशिएंट तरीके से आर्बिट्राज नहीं हुआ है।
हजारों टोकन्स पर फीस जमा होती है। वहीं, बर्न छोटे-छोटे बैच में होता है, जिससे शुरुआती बर्न डेटा स्थिर व्यवहार का सही संकेतक नहीं बनता।
“पहला बर्न स्थिर अवस्था के बारे में बहुत कुछ नहीं बताता,” उन्होंने कहा।
Adams ने बड़े स्तर पर भी UNIfication प्रपोज़ल के तहत बताए गए ग्रोथ बजट की तुलना पारंपरिक लिक्विडिटी माइनिंग इंसेंटिव्स से करने को खारिज कर दिया।
Uniswap के इस एक्जीक्यूटिव ने ज़ोर दिया कि Uniswap स्ट्रक्चरली लिक्विडिटी सब्सिडीज़ पर कम निर्भर है। उन्होंने यह भी कहा कि ग्रोथ बजट का मकसद लॉन्ग-टर्म एक्सपेंशन को फंड करना है, न कि LPs को छोड़ी गई फीस की भरपाई करना।
“अगर Labs और ग्रोथ बजट हटा भी दिए जाएं, तो मौजूदा फीस बर्न वैसे ही जारी रहेगी,” उन्होंने जोड़ा।
अन्य कम्युनिटी मेंबर्स ने भी इस सोच का साथ दिया, जो कुछ हफ्ते पहले के मार्केट ऑप्टिमिज़्म से काफी अलग था।
नवंबर में, Uniswap के UNIfication प्रपोज़ल ने प्रोटोकॉल फीस, 100 मिलियन UNI रेट्रोएक्टिव बर्न और Labs व Foundation के बीच स्ट्रक्चरल कंसोलिडेशन पेश किया था, जिससे UNI दो महीने के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया।
उस समय CryptoQuant के CEO Ki Young Ju जैसे एनालिस्ट्स ने अनुमान लगाया था कि अगर वॉल्यूम हाई रहा, तो फीस एक्टिवेशन से हर साल $500 मिलियन तक का बर्न हो सकता है।
फिलहाल, उस बुलिश सोच और शुरुआती ऑन-चेन रियलिटी के बीच अंतर काफी बड़ा है। फीस स्विच लॉन्ग-टर्म में स्थायी UNI बर्न के तौर पर काम करेगा या नहीं, यह उसकी शुरुआती एक्टिवेशन से कम और Uniswap की स्केलेबिलिटी, पैरामीटर्स की ट्यूनिंग और आंशिक डिप्लॉयमेंट को ड्यूरेबल प्रोटोकॉल रेवेन्यू में बदलने की क्षमता पर ज्यादा निर्भर करेगा।
UNI, जो Uniswap इकोसिस्टम को पावर देता है, $6.01 पर ट्रेड हो रहा था, जो पिछले 24 घंटों में लगभग 6% नीचे है।