OpenAI ने एक ओपन लेटर जारी किया है जिसे 100 से ज्यादा कंपनियों ने साइन किया है। इस पत्र में चेतावनी दी गई है कि आने वाले महीनों में AI-सक्षम साइबर अटैक काफी ज़्यादा और एडवांस्ड हो जाएंगे।
साइन करने वालों में टेक्नोलॉजी, बैंकिंग, इंश्योरेंस और सेमीकंडक्टर्स कंपनियां शामिल हैं। Anthropic, Microsoft, Google, Amazon Web Services (AWS), CrowdStrike, Cloudflare और Palo Alto Networks ने भी अपने नाम उसमें शामिल किए हैं।
OpenAI लेटर क्या मांग करता है?
इस लेटर में चार ऐसे ग्रुप्स बताए गए हैं जिन्हें तुरंत एक्शन लेना चाहिए। हर ऑर्गनाइजेशन को साइबर डिफेंस को लीडरशिप की प्रायोरिटी बनाना चाहिए और अपनी सबसे ज्यादा रिस्क वाली कमजोरियों को दूर करना चाहिए।
साइबरसिक्योरिटी वेंडर्स को AI-पावर्ड डिफेंस को क्रिटिकल इन्फ्रास्ट्रक्चर ऑपरेटर्स के लिए डिप्लॉय करने लायक बनाना चाहिए। गवर्नमेंट्स को हॉस्पिटल्स, वॉटर यूटिलिटीज और लोकल अथॉरिटीज के लिए रिस्पॉन्स में कोऑर्डिनेट करना और डिफेंस करना चाहिए।
फ्रंटियर AI कंपनियों को मॉडल एक्सेस, फंडिंग और ट्रेनिंग उन डिफेंडर्स को देनी चाहिए जिनके पास रिसोर्सेस कम हैं।
“आज की AI की तरक्की डिफेंडर्स को वो नए तरीके दे रही है जिनसे वो सालों से चली आ रही कमजोरियों को सही कर सकते हैं। अगर हम सही वक्त पर कदम उठाते हैं, तो इस डिफेंडर्स की विंडो का इस्तेमाल करके हम अपनी डिजिटली दुनिया को काफी ज्यादा सिक्योर बना सकते हैं,” लेटर में लिखा गया है।
लेटेस्ट क्रिप्टो न्यूज़ के लिए हमें X पर फॉलो करें
अभी का साइबर खतरा कैसा दिख रहा है?
टेक दिग्गज की फोरकास्ट के पीछे सबूत इस साल पहले ही सामने आ गए हैं। ताइवान की थ्रेट इंटेलिजेंस फर्म TeamT5 ने पाया कि Chinese स्टेट से जुड़े ग्रुप ने DeepSeek और दूसरे ओपन-सोर्स मॉडल्स को अपनाने के बाद अपने अटैक वॉल्यूम को डबल कर दिया।
ये डिसीजन काबिलियत नहीं, बल्कि लागत की वजह से लिया गया था। Anthropic ने जून में ये ब्रॉडर नतीजा निकाला। उसके 832 बैन किए गए अकाउंट्स के स्टडी में मीडियम-रिस्क या उससे ऊपर के अटैकर्स का प्रतिशत एक साल में 33% से बढ़कर 56% तक पहुंच गया।
Anthropic ने ये भी पाया कि अब AI प्रिविलेज एस्कलेशन और लैटरल मूवमेंट भी संभाल रहा है, जो पहले टेक्निकल स्किल्स मांगता था। इससे अटैकर के एक्सपर्टीज और वो कितना नुकसान कर सकता है, इसके बीच का कनेक्शन कमजोर हो जाता है।
साउथ कोरियन फर्म Genians ने पाया कि Kimsuky, जो North Korea के Reconnaissance General Bureau के अंतर्गत आती है, लोकल AI टूल्स टेस्ट कर रही है।
TRM Labs ने 2026 में क्रिमिनल AI एडॉप्शन को 100 में से 54 स्कोर दिया है, जो 2024 में 28 था। फर्म ने 2026 की पहली छमाही में 201 क्रिप्टो हैक्स दर्ज किए, जो एक साल पहले 83 थे।
2026 में रिसर्चर्स ने ऐसी कई घटनाएं दर्ज की हैं। यह पत्र कहता है कि आज की AI प्रगति को अब भी लॉन्ग-टर्म सिक्योरिटी सुधारों में बदला जा सकता है, जिससे सभी को फायदा हो सकता है।
हमारे YouTube चैनल को सब्सक्राइब करें और देखें लीडर्स और जर्नलिस्ट्स के एक्सपर्ट इनसाइट्स









